-मैनपाट, सतरेंगा और रामगढ़ महोत्सव का अनुभव ले रहे देश के नामचीन सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स; करोड़ों दर्शकों तक पहुंचेगा राज्य का प्राकृतिक, सांस्कृतिक और जनजातीय वैभव।
रायपुर । डिजिटल युग की ताकत का इस्तेमाल कर छत्तीसगढ़ के पर्यटन को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पटल पर नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए छत्तीसगढ़ टूरिज़्म बोर्ड ने एक बड़ी और अभिनव पहल की है। बोर्ड द्वारा 26 से 30 जून 2026 तक पाँच दिवसीय इन्फ्लुएंसर मीट एवं फेमिलराइजेशन (फेम) टूर" का आयोजन किया जा रहा है। इस विशेष अभियान के तहत राज्य और देश के प्रमुख सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स को छत्तीसगढ़ के जादुई और अनछुए पर्यटन स्थलों का सफर कराया जा रहा है, ताकि उनके डिजिटल कन्टेंट (वीडियो, रील्स और ब्लॉग्स) के जरिए छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक सुंदरता और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत दुनिया के करोड़ों लोगों के मोबाइल स्क्रीन तक सीधे पहुंच सके।
छत्तीसगढ़ के 'शिमला' से लेकर 'इको-टूरिज्म' के गढ़ तक का सफर
इस पाँच दिवसीय दौरे में शामिल सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स छत्तीसगढ़ के तीन सबसे प्रमुख और खूबसूरत अंचलों का प्रत्यक्ष अनुभव ले रहे हैं:
मैनपाट (छत्तीसगढ़ का शिमला): अपनी मनोहारी वादियों, तिब्बती संस्कृति, मंत्रमुग्ध कर देने वाले झरनों और अद्वितीय प्राकृतिक आकर्षणों के लिए मशहूर मैनपाट इन्फ्लुएंसर्स के लिए मुख्य आकर्षण बना हुआ है।
सतरेंगा (उभरता इको-टूरिज्म हब): विशाल जलाशय, शांत प्राकृतिक वातावरण और रोमांचक वॉटर स्पोट्र्स गतिविधियों के साथ सतरेंगा एडवेंचर लवर्स को आकर्षित कर रहा है।
रामगढ़ महोत्सव: ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व के इस महोत्सव के जरिए इन्फ्लुएंसर्स छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक कलाओं, पारंपरिक जनजातीय संस्कृति और ऐतिहासिक विरासत से रूबरू हो रहे हैं।
यात्रा के दौरान ये डिजिटल क्रिएटर्स आकर्षक तस्वीरें, सिनेमैटिक वीडियो और रचनात्मक सामग्रियां तैयार कर रहे हैं, जो इंस्टाग्राम, यूट्यूब और फेसबुक जैसे मंचों पर साझा की जा रही हैं।
स्थानीय अर्थव्यवस्था और रोजगार को मिलेगी नई उड़ान
डिजिटल प्रचार का यह तरीका केवल व्यूज या लाइक्स तक सीमित नहीं है। जब देश-दुनिया से पर्यटक इन रील्स और वीडियो को देखकर छत्तीसगढ़ आएंगे, तो इससे राज्य के ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और हस्तशिल्प, पारंपरिक लोककला तथा स्थानीय अर्थव्यवस्था को एक नई और मजबूत गति मिलेगी। छत्तीसगढ़ टूरिज़्म बोर्ड का मानना है कि डिजिटल युग में सोशल मीडिया पर्यटन को बढ़ावा देने का सबसे अचूक और प्रभावी हथियार है। आगामी समय में भी छत्तीसगढ़ को देश के अग्रणी पर्यटन राज्यों की सूची में शीर्ष पर स्थापित करने के लिए ऐसे नवाचार और अभिनव प्रयास निरंतर जारी रहेंगे।
