बुधवार, 3 मार्च 2021

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सात दिनों से चल रहे स्वदेशी मेले का कल होगा समापन

 

 

Swadeshi mela raipur


रायपुर एनपीन्यूज । कोरोना काल के भय भरे अनुभवों से गुजरने के बाद पिछले छः दिनों से स्वदेशी मेले ने जिस तरह शहरवासियों को खुशियों  की सौगात दी गई है वह मेले में फैली रंगत आसानी से बयां करती है। देष के विभिन्न राज्यों के लोगों के स्टाॅल में लगाए अनूठे और बेहतरीन उत्पादों को एक मंच मिला वहीं सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए सद्भावना का विकास भी हुआ। भारतीय विपणन विकास केंद्र द्वारा विगत छः दिनों से साइंस काॅलेज ग्राउंड में स्वदेषी मेला लगाया गया है। इस मेले में देष के कई राज्यों से आए कारीगरों द्वारा अपने उत्पादों के स्टाॅल लगाकर जनता के साथ सीधी पहुंच का अवसर उन्हें मिला वहीं रोचक झूलों, सांस्कृतिक संध्या के माध्यम से लोगों का मनोरंजन भी खूब हुआ। मेले के दौरान दोपहर में प्रतिदिन कई तरह की प्रतियोगिताएं भी होती रही, जिसमें स्थानीय लोगों ने भरपूर षिरकत की और अपने हुनर को सबके सामने प्रदर्षित करके वाहवाही पाई और पुरस्कृत हुए।

हिना से खिली हथेलियां

मेहंदी प्रतियोगिता दो वर्गों में आयोजित की गई। पहला वर्ग ए में 10 से 17 वर्ष तक के प्रतिभागी और वर्ग बी में 17 वर्ष से अधिक के 35 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। भरवा स्टाईल की मेहंदी लगाने के लिए डेढ़ घंटे का समय दिया गया था। इस अवधि में प्रतिभागियों ने हथेली में हिना को बहुत बारीकी से खूबसूरती से सजा दिया जो बहुत ही आकर्षक था। इस कार्यक्रम में आयोजकों में षीला प्रजापति, रेहाना खान, सुषमा झा, दुलारी षांडिल्य, शामिल थी। निणार्यकगण- श्रीमती सुनीता चन्सोरिया, श्रीमती निधि झा रही।
नीरोगी जीवन के लिए, बनाएं खाना मिट्टी के बर्तनों में
दोपहर में स्वस्थ जीवन दिनचर्या संगोष्ठी आयोजित की गई जिसमें मिट्टी के बर्तन में बनाएं सुपाच्य भोजन विषय पर नागपुर से आईं पर्यावरणविद्, इंटीरियर डेकोरेटर सुनीता गांधी मुख्य वक्ता थीं। उन्होंने प्राचीन काल में मिट्टी के बर्तनों के प्रयोग करने से दीर्घायु तक स्वस्थ बने रहने की बात समझाई। वर्तमान में कई तरह के मटेरियल से बने उत्पादों के प्रयोग करने से सेहत संबंधी कई तरह की परेषानिया और बीमारियां होने की बात कही। उन्होंने कहा कि धीमी आंच पर मिट्टी के बर्तन में पका खाना स्वादिष्ट और स्वास्थ्यवर्धक तो होता है साथ ही गैस, अपच जैसी अन्य बीमारियां भी दूर रहती हैं। 
बुधवार को शाम को सांस्कृतिक कार्यक्रमों की कड़ी में छत्तीसगढ़ी समाज के अंतर्गत सोनी एवं साहू समाज द्वारा प्रस्तुति दी गई जिसमें नृत्य, हमर पारा, तुहर पारा....., सुआ नृत्य, राउत नाचा, छत्तीसढ़ी संस्कृति की झलक दिखाते हुए एक से बढ़कर एक एकल और सामूहिक नृत्यों की षानदार प्रस्तुति हुई जिसका तालियों की गड़गड़ाहट के साथ दर्षकों ने स्वागत किया और वे संग-संग झूमकर आनंद उठाते रहे। छत्तीगढ़ी व्यंजनों के स्टाल में चीला, फरा, चवसेला, ढेढरी, खुरमी, अइरसा, बोबरा, पीढ़िया, लड्डू सहित व्यंजनों का स्वाद लोग चटखारे लेकर लगाते रहे। छत्तीसगढ़ी कार्यक्रमों में नारी षक्ति छत्तीसगढत्र प्रदेष की प्रदेष प्रभारी दुर्गा सोनी, प्रदेष अध्यक्ष दीपिका सोनी, रायपुर जिला अध्यक्ष ममता सोनी सहित इकाई की महिलाएं उपस्थित थीं।
 
वेस्ट मटीरियल से तैयार करेंगे बेस्ट
गुरूवार को दोपहर में 1 बजे से बैस्ट आउट आॅफ वेस्ट प्रतियोगिता होगी जिसमें अनुपयोगी वस्तुओं, वेस्ट मटीरियल से उपयोगी क्राफ्ट तैयार करना होगा। मेला प्रागंण में ही उत्पाद को बनाना होगा और आवश्यक सामग्री प्रतिभागियों को स्वयं लानी होगी। इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए मेला स्थल में आकर आयोजकों से संपर्क किया जा सकता है।

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