बुधवार, 30 दिसंबर 2020

,

Video Conferencing : के जरिए, छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ के आवासीय परिसर का भूमिपूजन

Video Conferencing-vanopaj-laghuvanopaj-sahkari-sangh




लघु वनोपजों में वेल्यू एडिशन से वनवासियों की आमदनी और रोजगार के अवसर बढ़े: भूपेश बघेल

देश में संग्रहित वनोपजों का 73 प्रतिशत छत्तीसगढ़ में संग्रहित किया गया: वन मंत्री मोहम्मद अकबर

एनपी न्यूज़।  मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज यहां अपने निवास कार्यालय से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए नवा रायपुर के सेक्टर 26 में बनने वाले छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ के आवासीय परिसर का भूमिपूजन किया। लगभग साढ़े 4 एकड़ में 14 करोड़ 80 लाख रूपए की लागत से इस भवन का निर्माण 18 माह में पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 18 महीनों में यह कॉलोनी बनकर तैयार हो जाएगी। छत्तीसगढ़ की सर्वसुविधायुक्त राजधानी नवा-रायपुर में इस कॉलोनी का निर्माण हो रहा है। इस कॉलोनी में 72 क्वाटर बनाए जाएंगे।

मुख्यमंत्री ने इस आवासीय कॉलोनी के भूमिपूजन के अवसर पर कहा कि राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ और वन विभाग द्वारा लघु वनोपजों के संग्रहण, तेंदूपत्ता संग्रहण का महत्वपूर्ण कार्य तत्परता और जिम्मेदारी के साथ किया गया। विभाग के प्रयासों से लघु वनोपजों में वेल्यू ऐडिशन का कार्य किया जा रहा है, जिससे वनवासियों और महिला स्वसहायता समूहों की आमदनी बढ़ी है और इस कार्य में बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार मिल रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ द्वारा अपने अधिकारियों एवं कर्मचारियों की सुविधा का ध्यान रखते हुए उनके लिए इस आवासीय परिसर का निर्माण किया जा रहा है। इससे अधिकारियों एवं कर्मचारियों कि कार्य क्षमता भी बढ़ेगी और वे ज्यादा अच्छे ढंग से अपने दायित्वों का निर्वहन कर सकेंगे।

वन मंत्री मोहम्मद अकबर ने इस अवसर पर कहा कि नया आवासीय परिसर बनने से अधिकारी एवं कर्मचारियों को नवा रायपुर आने-जाने में लगने वाला समय बचेगा और वे ज्यादा अच्छे ढंग से अपना कार्य कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ के कार्य में काफी वृद्धि हुई है। वर्ष 2018 में 7 लघुवनोपजों का संग्रहण किया जाता था, जिनकी संख्या अब बढ़कर 52 हो गई है। इस वर्ष प्रदेश में देश में कुल संग्रहित वनोपजों का 73 प्रतिशत अकेले छत्तीसगढ़ में संग्रहित किया गया है, जिसका मूल्य 130 करोड़ रूपए है। तेेंदूपत्ता संग्रहण दर 2500 रूपए प्रति मानक बोरा से बढ़ाकर 4000 रूपए प्रति मानक बोरा करने से तेंदूपत्ता संग्रहकों की आमदनी में भी बढ़ोतरी हुई है। राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ के प्रबंध संचालक संजय शुक्ला ने आवासीय परिसर के संबंध में जानकारी दी।




0 comments:

एक टिप्पणी भेजें

Top Ad 728x90