Your Ads Here

हिंसक माहौल में बस्तर में अब तक 20 फीसदी मतदान


  •  नक्सली इलाकों के मतदान केन्द्रों में नक्सली भर को धता बताते हुए मतदान के लिए उमड़ रहा जन सैलाब

जगदलपुर। बस्तर लोकसभा के लिए पहले चरण के मतदान के दौरान हिंसक माहौल में बस्तर में नक्सलियों द्वारा फायरिंग, बारूदी विस्फोट, पेड़ गिराने एवं बेनर-पोस्टर फेंके जाने की छिटपुट घटनाओं के अलावा मतदान पंक्तियां लिखे जाने तक आम तौर पर शांति पूर्ण रहा। मतदान के दौरान कई स्थानों में बम विस्फोट तथा नक्ससलियों की गिरफ्तारी की खबरें मिली हैं, लेकिन सौभाग्य वश कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। बस्तर  लोकसभा के लिए 7 प्रत्याशी भाग्य आजमा रहे हैं। दोपहर 12 बजे तक 20 प्रतिशत मतदान की खबर मिली है।
नक्सली आतंक को चुनौती देकर भारी संख्या में मतदाता मतदान करने पहुंचे
नक्सलियों द्वारा चुनाव बहिष्कार के ऐलान के बाद भी भारी संख्या में मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करने बाहर निकले। कड़ी सुरक्षा के बीच सम्पन्न कराए जा रहे मतदान केन्द्रों में नक्सली भय को धता बताकर हजारों मतदाताओं ने वोट डाला। इन मतदाताओं पर नक्सली फरमान का किसी भी प्रकार से कोई असर नहीं दिखाई दिया।
मतदान में महिला मतदाताओं की अपेक्षा पुरूष मतदाताओं की संख्या अधिक रही। मतदान के रफ्तार में सुबह के बाद तेजी आई। अपवादों को छोड़कर ज्यादातर मतदान केंद्रों में वोटरों की लम्बी कतारें देखी गईं। कुछ मतदान केंद्रों में मतदान की लहर सी चल रही थी। ग्रामीण इलाकों के दौरे से यह संकेत मिला कि मतदाता किसी मुद्दे के पीछे भागने की बजाए पार्टी तथा प्रत्याशी को देखकर बटन दबाते रहे। मतदान के प्रति महिलाएं ज्यादा रूचि दर्शा रही थीं। लगभग सभी मतदान केंद्रों पर यही नजारा था। कड़ी सुरक्षा के बीच मतदाता मतदान करने पहुंचे। सभी आयु वर्ग के लोगों में मतदान के प्रति जबरदस्त उत्साह देखा गया। मतदान केंद्रों के समीप पोलिंग एजेंट जहां मतदाताओं को पर्चियां बांट रहे थे, वहीं मतदान केद्रों पर तैनात सुरक्षा कर्मी स्थिति पर कड़ी नजर रखे हुए थे। चुनाव आयोग के सख्त रवैये से शोर शराबे और तामझाम से मुक्त चुनाव प्रचार के बावजूद बस्तर में मतदाताओं के उत्साह से चुनावी माहौल गरमा गया।
नक्सली वारदातें
प्राप्त खबरों के अनुसार नक्सलियों ने मतदाताओं को भयभीत करने नारायणपुर जिले के दंडवन मतदान केन्द्र से दो किलोमीटर आईईडी विस्फोट किया, जिसमें किसी के हताहत होने की जानकरी नहीं है। दंतेवाड़ा जिले के कुंआकोंडा थाना क्षेत्र के श्यामगिरी मतदान केंद्र के निकट नक्सलियों ने भारी मात्रा में चुनाव बहिष्कार संबंधी बेनर पोस्टर लगाकर मतदाताओं डराने की कोशिश की, बावजूद यहां मतदाताओं की लम्बी कतार लगी रही। इधर बीजापुर जिले के बेदरे थाना क्षेत्र में एरिया डोमिनेशन के लिए निकली पुलिस पार्टी ने, हथियार समेत चार नक्सलियों को गिरफ्तार किया है। माड़ डिविजन के नक्सलियों के कब्जे से तीन बंदूकें, आईईडी एवं अन्य विस्फोटक सामग्री बरामद की गई है। सुकमा जिले के दोरनापाल थाना क्षेत्र में देवरपल्ली मार्ग पर नक्सलियों ने पेड़ गिरा दिया, ताकि मतदाता वोट देने न जा पायें। विगत 09 अप्रैल को जहां श्यामगिरी में नक्सलियों द्वारा किये गये बारूदी सुरंग विस्फोट में दंतेवाड़ा विधायक भीमा मंडावी सहित अन्य चार पुलिस जवान शहीद हो गये थे। इस स्थल पर पुलिस ने सर्चिंग के दौरान पुन: 40 किलो की बारूदी सुरंग बरामद की है। जो मतदान दलों को नुकसान पहुंचाने के नीयत से लगायी गयी थी। पुलिस के बम निरोधक दस्ते ने इस आईईडी को निष्क्रिय कर दिया है। 
लोकसभा के कुल 1879 मतदान केंद्रों में चार विधानसभा नारायणपुर, बीजापुर, दंतेवाड़ा, कोंटा विधानसभा क्षेत्र के 990 अतिसंवेदनशील मतदान केंद्रों में सुबह सात से तीन बजे तक मतदान होगा, ताकि मतदान दल अंधेरा होने से पूर्व जिला मुख्यालयों में लौट आयें। बाकी स्थानों पर शाम 5 बजे तक मतदान जारी रहेगा। बस्तर लोकसभा क्षेत्र में 13,72,127 मतदाता हैं, जिनमें 7,12,261 महिलायें एवं  6,59,824 पुरूष तथा तृतीय लिंग के 42 मतदाता हैं। इस लोकसभा में 27 संगवारी, 32 आदर्श एवं 9 दिव्यांग मतदान केंद्र बनाये गये हैं। मतदान केंद्रों में गर्मी से बचने के पुख्ता इंतजाम किये गये हैं। सभी केंद्रों में सुरक्षा की चाक-चौबंद व्यवस्था की गई है। मतदान में मतदाताओं के बढ़चढ़ कर हिस्सा लेने एवं मतदान दल के धीमी कार्यशैली से मतदान के प्रतिशत में गिरवाट आने के आसार हैं।  

No comments

Powered by Blogger.