गरीब देशों के शरणार्थियों को घुसने नहीं दूंगा
वाशिंगटन। 'थर्ड वल्र्ड कंट्रीज' से आने वाले शरणार्थियों को हमेशा के लिए रोक देंगे, ताकि अमेरिका फिर से मजबूत हो सके। थर्ड वल्र्ड कंट्रीज का कोई कानूनी मतलब नहीं है, लेकिन आम तौर पर इसका इस्तेमाल अफ्रीका, एशिया, लैटिन अमेरिका और मिडिल ईस्ट के उन देशों के लिए होता है जो लो इनकम या फिर लोअर मिडिल इनकम कैटेगरी में आते हैं। ट्रम्प ने वॉशिंगटन डीसी में 2 नेशनल गाड्र्स की मौत के बाद गुरुवार को यह ऐलान किया। उन्होंने इस हमले को शरणार्थियों से जोड़कर बताया। ट्रम्प ने कहा कि इमिग्रेशन पॉलिसी की वजह से देश के लोगों की जिंदगी बदतर हो चुकी है।
ट्रम्प ने कहा- जो लोग अमेरिका के लिए फायदेमंद नहीं हैं या जो हमारे देश से सच्चा प्यार नहीं करते, उन्हें भी हटाया जाएगा। ट्रम्प ने इमिग्रेशन पॉलिसी को और सख्त करने का वादा किया। इससे पहले ट्रम्प प्रशासन ने गुरुवार को ऐलान किया था कि अब 19 देशों से आए प्रवासियों की सख्त जांच की जाएगी।
19 देशों के प्रवासियों की जांच होगी
ट्रम्प के थर्ड वल्र्ड देशों के शरणार्थियों को देश में एंट्री बंद करने का ऐलान स्ष्टढ्ढस् से भी बड़ा है। यह एजेंसी अमेरिका में प्रवासियों से जुड़े काम देखती है। स्ष्टढ्ढस् के डायरेक्टर जोसेफ एडलो ने गुरुवार को कहा था कि स्ष्टढ्ढस् अब अफगानिस्तान समेत 19 देशों के उन लोगों की जांच करने जा रही है जिन्हें पहले अमेरिका में परमानेंट रेजिडेंसी (ग्रीन कार्ड) मिल चुकी है। एडलो ने बताया कि इन 19 देशों की सूची ट्रम्प के जून 2025 के एक आदेश में जारी की गई थी, जिसमें इन्हें 'चिंता वाले देशÓ कहा गया था। यह नई गाइडलाइन 27 नवंबर से लागू हो गई है। यह सभी पुराने और नए आवेदन पर लागू होगी। इसके तहत इन देशों से आने वालों को जारी हर ग्रीन कार्ड की सख्ती से दोबारा जांच की जाएगी।
