Your Ads Here

बेटी को बचाने गई मां डूबी

गणेश विसर्जन के दौरान डूबे 7 लोग

रायपुर/बेमेतरा। छत्तीसगढ़ में गणपति विसर्जन के दौरान 7 लोग डूब गए। इनमें से 5 लोगों को बचा लिया गया, जबकि महिला सहित दो लोगों की मौत हो गई। राजधानी रायपुर (Raipur) के दरला (Darla) क्षेत्र में जहां शुक्रवार को मूर्ति विसर्जन के दौरान 4 लोग तालाब के गहरे पानी (Deep Water) में चले गए। इनमें से 3 को किसी तरह बचा लिया गया, जबकि एक व्यक्ति का शव (Dead Body) बरामद हुआ। वहीं बेमेतरा (Bemetra) में भी मूर्ति विसर्जन के लिए गई महिला (Lady) अपनी बेटी (Daughter) को बचाते हुए हादसे का शिकार हो गई। जबकि उसकी बेटी को गंभीर हालत में रायपुर रेफर किया गया है।
एक युवक को बचाने के लिए 3 कूदे, वो भी गहराई में फंसे
रायपुर के कबीर नगर इलाके में रहने वाले चार युवक गणेश विसर्जन के लिए शुक्रवार सुबह निकले थे। उरला क्षेत्र स्थित पठारीडीह के तालाब में सभी मूर्ती विसर्जन कर रहे थे। इसी दौरान पुष्पेंद्र ज्योतिषि का पैर फिसला (Slipped) और वो तालाब में गिर गया। तालाब में गिरे युवक को बचाने के लिए उसके तीन साथियों (Three Friend) ने भी छलांग लगा दी। हालांकि वो भी गहरे (Deep) तालाब में डूबने लगे। इस दौरान आसपास के लोगों ने देखा तो उन्हें बाहर निकाला गया, लेकिन पुष्पेंद्र की मौत हो चुकी थी।
बेटी का पैर फिसला, बचाने के प्रयास में मां डूब गई
बेमेतरा (Bemetra) की बीटीआई कॉलोनी, वार्ड नंबर 10 निवासी माधुरी तिवारी अपनी बेटी नमृता के साथ स्कूटी से गणेश प्रतिमा विसर्जन के लिए शिवनाथ नदी (Shivnath River) के अमोरा घाट पहुंची थी। विसर्जन के दौरान अचानक नमृता का पैर फिसला और वह नदी में गिर गई। बेटी को गिरता देख उसे बचाने मां भी नदी में कूद गई, लेकिन तेज बहाव (Heavy Flow) में फंस गई और गहरे पानी में डूबती चली गई। हादसा बुधवार देर शाम सिटी कोतवाली क्षेत्र के अमोरा घाट पर हुआ।
इस बीच हादसे की जानकारी मिलते ही एसडीएम बेमेतरा आशुतोष चतुर्वेदी, एडिशनल एसपी विमल बैस, पुलिस सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंच गए। इससे पहले ही आस-पास के लोगों ने रस्सी के सहारे से नम्रता और उसकी मां माधुरी को बाहर निकाला। दोनों को लेकर लोग जिला अस्पताल पहुंचे, जहां पर चिकित्सकों ने दम घुटने के कारण माधुरी की मौत की पुष्टि कर दी। जबकि नमृता को प्राथमिक उपचार के बाद रायपुर के मेकाहारा अस्पताल रेफर कर दिया गया है।

No comments

Powered by Blogger.